जापान - इख़बारी समाचार एजेंसी
जापान ने मंगलवार को अपने हथियार निर्यात नियमों को शिथिल कर दिया है, जिससे कई देशों के साथ रक्षा समझौते होने के बावजूद हथियार बेचने की राह खुल गई है। यह निर्णय टोक्यो की उस रक्षा नीति से एक महत्वपूर्ण प्रस्थान का प्रतीक है जो द्वितीय विश्व युद्ध के बाद से शांतिवाद पर आधारित रही है। इस बदलाव के साथ, जापान अब केवल बचाव, परिवहन, चेतावनी, निगरानी और खदान हटाने जैसे पांच विशिष्ट क्षेत्रों तक सीमित निर्यात को समाप्त कर रहा है, जिससे घातक हथियारों की बिक्री का मार्ग प्रशस्त हो गया है।
यह कदम ऐसे समय में आया है जब क्षेत्र में भू-राजनीतिक तनाव बढ़ रहा है। सरकार का कहना है कि यह जापान की सुरक्षा को मजबूत करने और क्षेत्रीय शांति व स्थिरता में योगदान देने के लिए आवश्यक है। हालांकि, युद्ध में शामिल देशों को हथियारों की बिक्री पर प्रतिबंध जारी रहेगा, लेकिन जापान के साथ रक्षा समझौते वाले देशों के लिए विशेष परिस्थितियों में अपवाद की अनुमति दी जाएगी। प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा की सरकार ने इस कदम को देश की बढ़ती सुरक्षा चिंताओं के जवाब के रूप में प्रस्तुत किया है, जबकि यह भी आश्वासन दिया है कि यह देश के शांति-प्रिय राष्ट्र के रूप में अपनी प्रतिबद्धताओं से विचलित नहीं होगा।